• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

इस दिन रखा जाएगा त्रयोदशी प्रदोष व्रत, करें इस स्तोत्र का पाठ

Writer D by Writer D
08/12/2023
in धर्म, फैशन/शैली
0
Pradosh Vrat

Pradosh Vrat

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

प्रदोष व्रत हर महीने कृष्ण और शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी को रखा जाता है। मार्गशीर्ष कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी 10 दिसंबर को है। रविवार को पड़ने के कारण इसे रवि प्रदोष व्रत ( Pradosh Vrat) कहा जाएगा। इस दिन संसार के प्रथम योगी भगवान शिव और शक्ति मां पार्वती की पूजा की जाती है। प्रदोष व्रत ( Pradosh Vrat) के महत्व को शास्त्रों में विस्तार से बताया गया है।

धार्मिक मान्यता है कि इस व्रत को करने से साधक को मृत्युलोक में दिव्य सुखों की प्राप्ति होती है। साथ ही जीवन में आने वाले सभी प्रकार के कष्ट समाप्त हो जाते हैं। भगवान शिव की कृपा पाने के लिए प्रदोष व्रत ( Pradosh Vrat) पर शिव स्तुति का पाठ जरूर करें।

शिव स्तुति

स्फुटं स्फटिकसप्रभं स्फुटितहारकश्रीजटं

शशाङ्कदलशेखरं कपिलफुल्लनेत्रत्रयम्।

तरक्षुवरकृत्तिमद्भुजगभूषणं भूतिमत्,

कदा नु शितिकण्ठ ते वपुरवेक्षते वीक्षणम्॥

त्रिलोचन! विलोचने वसति ते ललामायिते,

स्मरो नियमघस्मरो नियमिनामभूद्भस्मसात्।

स्वभक्तिलतया वशीकृतवती सतीयं सती,

स्वभक्तवशगो भवानपि वशी प्रसीद प्रभो ॥

महेशमहितोऽसि तत्पुरुष पूरुषाग्र्यो भवा-,

नघोररिपुघोर ते नवम वामदेवाञ्जलिः॥

नमः सपदि जायते त्वमिति पञ्चरूपोचित-,

प्रपञ्चचयपञ्चवृन्मम मनस्तमस्ताडय ॥

रसाघनरसाऽनलाऽनिलवियद्विवस्वद्विधु-,

प्रयष्टृषु निविष्टमित्यज भजामि मूर्त्यष्टकम्।

प्रशान्तमुदभीषणं भुवनमोहनं चेत्यहो,

वपूंषि गुणपूंषि तेऽहरहरात्मनोहं भिदे ॥

विमुक्तिपरमाध्वनां तव षडद्धनामास्पदं,

पदं निगमवेदिता जगति वामदेवादयः।

कथंचिदुपशिक्षिता भगवतैव संविद्रते,

वयन्तु विरलान्तराः कथमुमेश तन्मन्महे॥

कठोरितकुठारया ललितशूलया वाहया,

रणड्डमरुणा स्फुरद्धरिणया सखट्वांगया।

चलाभिरचलाभिरप्यगणिताभिरुन्नृत्यत-,

श्चतुर्दश जगन्ति ते जयजयेत्ययन् विस्मयम्॥

पुरा त्रिपुरान्धनं विविधदैत्यविध्वंसनं,

पराक्रमपरंपरा अपि परा न ते विस्मयः।

अमर्षि बलहर्षितक्षुभितवृत्तनेत्रोज्ज्वल-,

ज्ज्वलज्ज्वलनहेलया शलभितं हि लोकत्रयम् ॥

सहस्रनयनो गुहः सह सहस्ररश्मिर्विधुः,

बृहस्पतिरुताप्पतिः ससुरसिद्धविद्याधराः।

भवत्पदपरायणाः श्रियमिमां ययुः प्रार्थितां,

भवान् सुरतरुर्भृशं शिव शिवां शिवावल्लभ! ॥

तवप्रियतमादतिप्रियतमं सदैवान्तरं,

पयस्युपहितं घृतं स्वयमिव श्रियो वल्लभम्।

विबुध्य लघुबुद्धयः स्वपरपक्षलक्ष्यायितं,

पठन्ति हि लुठन्ति ते शठहृदः शुचाशुण्ठिताः ॥

निवासनिलयश्चिता तव शिरस्ततिर्मालिका,

कपालमपि ते करे त्वमशिवोस्यहोऽसद्धियाम्।

तथापि भवतापदं शिवशिवेत्यदो जल्पता-,

मकिञ्चन न किञ्चन वृजिनमस्ति भस्मीभवेत्॥

त्वमेव किल कामधुक्सकलकाममापूरयन्,

सदा त्रिनयनो भवान् वहति चात्रिनेत्रोद्भवम्।

विषं विषधरान्दधन् पिबसि तेन चानन्दवान्,

विरुद्धचरितोचिता जगदीश ते भिक्षुता ॥

नमश्शिवशिवाशिवाशिवशिवार्थकर्तः शिवां,

नमो हरहराहराहरहरान्तरीं मे दृशं।

नमो भव! भवाभवप्रभव भूतये भवान्,

नमो मृड नमो नमो नमः उमेश तुभ्यं नमः ॥

सतां श्रवणपद्धतिं सरतु सन्नतोक्तेत्यसौ,

शिवस्य करुणाङ्कुरान् प्रतिकृतान् सदा सोचिता।

इति प्रथितमानसो व्यधित नाम नारायणः,

शिवस्तुतिमिमां शिवां लिकुचिसूरिसूनुः सुधीः ॥

Tags: AstrologyAstrology tipspradosh vratravi pradosh vrattrayodashi pradosh vrat
Previous Post

नए साल में ये हैं विवाह के शुभ मुहूर्त, जानें तिथियों के बारे में

Next Post

भौमवती अमावस्या पर करें ये उपाय, धन की कमी होगी दूर

Writer D

Writer D

Related Posts

Puja Ghar
Main Slider

घर के मंदिर में न रखें इस तरह की मूर्ति, हो जाएगा अनर्थ

01/06/2026
Bread Manchurian
खाना-खजाना

आज बनाएं ब्रेड मंचूरियन, मिलेगा स्ट्रीट फूड का स्वाद

01/06/2026
plants
धर्म

ये पौधे घर में करेंगे धन का आगमन

01/06/2026
Pyaaz Kachori
खाना-खजाना

नाश्ते में बनाएं प्याज की कचौड़ी, रोज होगी बनाने की डिमांड

01/06/2026
seeing forest in dream
धर्म

सपने में ऐसा जंगल का दिखना होता है इस बात का संकेत

01/06/2026
Next Post
Jyeshtha Amavasya

भौमवती अमावस्या पर करें ये उपाय, धन की कमी होगी दूर

यह भी पढ़ें

झड़ते बालों से परेशान हैं, तो बालों में इस तरह लगाएं ये तेल

15/01/2022
Deepotsav

Deepotsav 2023: 47 घाटों पर आसमान को जमीन पर उतारेंगे 25 हजार वॉलेंटियर्स

27/09/2023
macaroni

इस तरह घर में बनाए मैक्रोनी, भूल जाएंगे बाजार का स्वाद

12/02/2025
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version