• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
Advertisement
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

जींस पहनें तो धोएं कम, आपकी सेहत से जुड़ा है मामला

Writer D by Writer D
09/11/2021
in Main Slider, फैशन/शैली
0
jeans

jeans

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

लाइफस्टाइल डेस्क।  हमारी रोजमर्रा की जिंदगी में खाने-पीने के साथ-साथ पहनना और रहना सभी का संबंध पर्यावरण से सीधे तौर पर सम्बंधित है। पर्यावरण के संरक्षण के लिए जो लोग शिद्दत से काम करते हैं, उनका रहन-सहन कैसा है और वो किस तरह के फैशन की वकालत करते हैं। जिज्ञासा होना चाहिए कि आपके किस एक्शन से पर्यावरण पर क्या असर पड़ सकता है।

हमें अपने पर्यावरण के संरक्षण के हिसाब से ही अपना रहन सहन अपनाना चाहिए । क्या आप जीन्स पहनते हैं? आधी से ज़्यादा दुनिया ब्लू या किसी और रंग के डेनिम जीन्स पहनने का शौक रखती है, लेकिन इस फैक्ट से बेखबर हैं कि इस जीन्स के सूक्ष्म पार्टिकल नदियों, झीलों या समुद्र में जाकर मिलते हैं और नुकसान करते हैं।

रिसर्च में पता चला है कि जीन्स जब धोई जाती है, तो सूक्ष्म रेशे उसमें से निकलते हैं और व्यर्थ पानी के साथ बह जाते हैं। हालांकि रिसर्च में अभी यह पता नहीं चला है कि इससे वाइल्डलाइफ और पर्यावरण को किस तरह नुकसान होता है, लेकिन चिंता ज़रूर जताई गई है। कहा गया है कि भले ही डेनिम कॉटन से बनता है, लेकिन इसमें कई तरह के रसायनों का इस्तेमाल होता है, जिनमें माइक्रोफाइबर भी शामिल हैं।

जितनी बार जीन्स धोई जाती है, ये रेशेनुमा माइक्रोफाइबर हर बार निकलते हैं और व्यर्थ पानी के साथ नदियों, झीलों या अन्य जलस्रोतों में पहुंच जाते हैं और प्रदूषण का कारण बनते हैं। रिसर्च में वैज्ञानिकों ने जलस्रोतों की तलछट में मिले कई सूक्ष्म रेशों का परीक्षण कर पता किया कि वो जीन्स से निकले सूक्ष्म कण ही हैं।

अमेरिका और कनाडा के कई हिस्सों में कई छोटी बड़ी झीलों की तलछट में डेनिम माइक्रोफाइबर का प्रदूषण पाया गया। चूंकि दुनिया में कई लोग जीन्स पहन रहे हैं इसलिए शोधकर्ताओं ने इस प्रदूषण को जीन्स के साथ जोड़कर रिसर्च की। ये भी पता चला कि जीन्स की लिए सिंथेटिक डाय का इस्तेमाल होता है। सिंथेटिक प्राकृतिक पदार्थ नहीं है और जीन्स बनाने में इस्तेमाल होने वाले कुछ पदार्थ तो ज़हरीले तक भी होते हैं।

Tags: jeans t-shirt ban"lifestyleNature Conservation"Tight Jeans"Wearing jeans is dangerous"
Previous Post

मशरूम खाकर बनाएं अच्छी सेहत और रहें बीमारियों से दूर

Next Post

कड़ी पत्ते की चाय बल्ड शुगर को करती है नियंत्रित

Writer D

Writer D

Related Posts

Navratri
Main Slider

अष्टमी-नवमी की तारीख को लेकर कंफ्यूजन खत्म, नोट कर लें सही डेट और शुभ मुहूर्त

17/10/2026
Karwa Chauth
Main Slider

कब रखा जाएगा करवा चौथ व्रत? जानें मुहूर्त, अर्घ्य देने का समय और पारण

17/10/2026
Main Slider

उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप तैयार होगा उत्तराखंड का स्किल डेवलपमेंट प्लान, मुख्य सचिव ने दिए निर्देश

16/10/2026
Main Slider

मेरठ सांप कांड: रविता-अमरदीप को मौत की सजा

16/10/2026
Main Slider

डॉप्लर रडार देगा यूपी में तूफान-अतिवृष्टि की पूर्व सूचना, मौसम की होगी सटीक निगरानी

16/10/2026
Next Post
curry leaves

कड़ी पत्ते की चाय बल्ड शुगर को करती है नियंत्रित

यह भी पढ़ें

Dairy Sector

मिल्क प्रोक्योरमेंट से आत्मनिर्भर बनीं प्रदेश की साढ़े तीन लाख महिलाएं

21/03/2026

कान्हा नगरी में मिले चार विदेशी कोरोना संक्रमित, छाया धाम हुआ सील

29/11/2021

सर्दी में करें मूंगफली का सेवन, वजन घटाने समेत इन बीमारियों को करती है दूर

20/01/2022
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version