• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

बिजनेस या परिवार किसी भी मामले में इन तीनों का होना चाहिए एक ही फैसला

Desk by Desk
17/07/2020
in Main Slider, फैशन/शैली, राष्ट्रीय
0
14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

लाइफ़स्टाइल डेस्क। जीवन की सफलता की कुंजी आचार्य चाणक्य की नीतियों और विचारों में निहित है। इन्हें जिस किसी ने भी अपने जीवन में उतार लिया तो वो किसी भी मुसीबत का डटकर सामना कर सकता है। आचार्य चाणक्य के कई विचारों में से आज हम एक विचार का विश्लेषण करेंगे। आज का ये विचार राज, गुप्तचर और मंत्री तीनों का एक मत होना चाहिए इसी पर आधारित है।

”राज, गुप्तचर और मंत्री तीनों का एक मत होना किसी भी मंत्रणा की सफलता है।” आचार्य चाणक्य

आचार्य चाणक्य के इस कथन का मतलब राज, गुप्तचर और मंत्रियों के मत पर आधारित है। आचार्य चाणक्य इसमें ये कहना चाहता हैं कि राज, गुप्तचर और मंत्रियों तीनों का एक ही फैसले पर सहमत होना बहुत जरूरी है। ऐसा होने पर ही तरक्की संभव है। इसे आप चाहे तो राज्य या फिर बिजनेस से जोड़कर भी समझ सकते हैं।

उदाहरण के तौर पर अगर आपको बिजनेस में दो पार्टनर हैं। इन दोनों ही साझेदारों की बिजनेस को लेकर एक ही रणनीति होने पर ही बिजनेस तरक्की कर सकता है। अगर किसी भी फैसले पर दोनों की सहमति नहीं बनती है तो वो बिजनेस के लिए खतरा बन सकता है। ऐसे में दोनों के बीच सामंजस्य नहीं बैठ पाएगा, मतभेद होगा और आखिर में बिजनेस की दुर्गति होना तय है। ये बात परिवार पर भी लागू होती है।

परिवार को एक साथ बांधे रखने का काम परिवार के बड़ों का है। ऐसे में अगर घर के बुजुर्गों में किसी फैसले को लेकर सहमति नहीं बनेगी तो वो परिवार के लिए घातक हो सकता है। दोनों ही अपनी- अपनी तरह से घर को चलाने की कोशिश करेंगे और आखिर में उनके हाथ सिर्फ और सिर्फ असफलता ही लगेगी। इसी वजह से आचार्य चाणक्य का कहना है कि राज, गुप्तचर और मंत्री तीनों में मंत्रणा होना बहुत जरूरी है।

Tags: chanakyachanakya nitichanakya niti in hindichanakya niti life lessonschanakya niti quoteschanakya quoteschanakya storiesJeevan Mantrashort note on chanakyaचाणक्य नीतिचाणक्य ने अनमोल विचारसफल जीवन के लिए फॉलो करें चाणक्य के विचार
Previous Post

सीएम योगी ने गैंगस्टर्स पर कार्रवाई की निगरानी के लिए नियुक्त किए नोडल अफसर

Next Post

कुलगाम में सुरक्षाबलों को मिली बड़ी कामयाबी, मुठभेड़ में मार गिराए दो आतंकी

Desk

Desk

Related Posts

OP Choudhary inaugurates 'Kabir Kutir' community hall.
छत्तीसगढ़

वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने किया ‘कबीर कुटीर’ सामुदायिक भवन का लोकार्पण

30/07/2026
CM Nayab Saini met Swami Gyananand Maharaj.
Main Slider

गीता ज्ञान को घर-घर तक पहुंचाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध : नायब सिंह सैनी

30/07/2026
CM Dhami
Main Slider

शिकायतों के समाधान में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं: CM धामी

30/07/2026
CM Yogi
Main Slider

रामलीला में असलहा लहराकर दंगा करने वाले को मिट्टी में ही दफन होना पड़ेगा: सीएम योगी

30/07/2026
DGP Rajiv Krishna reviewed the preparations for the Kanwar Yatra.
Main Slider

कांवड़ यात्रा को लेकर अलर्ट मोड में यूपी सरकार, अफवाह फैलाने वालों की खैर नहीं

30/07/2026
Next Post

कुलगाम में सुरक्षाबलों को मिली बड़ी कामयाबी, मुठभेड़ में मार गिराए दो आतंकी

यह भी पढ़ें

land for job scam

लालू यादव ने छोटे बेटे को सौंपी पार्टी की कमान, बोले- मेरे बाद तेजस्वी लेंगे सारे फैसले

09/10/2022
arrested

बीएड परीक्षा के दौरान दो मुन्ना भाईयों को पुलिस ने दबोचा

12/11/2021

श्री काशी विश्वनाथ धाम में पहुंचे रणवीर कपूर और आलिया भट्ट

24/03/2022
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version