बसपा विधायक उमाशंकर सिंह के निधन के बाद उनकी राजनीतिक विरासत को लेकर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। माना जा रहा है कि अब उनके पुत्र प्रिंस उर्फ यूकेश सिंह (Yukesh Singh) पिता की राजनीतिक जिम्मेदारियों को आगे बढ़ा सकते हैं। क्षेत्र में भी समर्थकों के बीच यही चर्चा सबसे अधिक सुनाई दे रही है।
बताया जा रहा है कि उमाशंकर सिंह की तबीयत खराब रहने के दौरान ही प्रिंस सिंह ने क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभानी शुरू कर दी थी। जनसंपर्क से लेकर स्थानीय कार्यक्रमों तक उनकी मौजूदगी लगातार बढ़ी थी। वर्तमान में वह छात्र शक्ति इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी लिमिटेड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) भी हैं।
भाजपा को लेकर भी हुई थी चर्चा
कुछ दिन पहले भाजपा के एक वरिष्ठ नेता ने सोशल मीडिया पर दावा किया था कि प्रिंस सिंह भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ सकते हैं। हालांकि, इस दावे पर न तो प्रिंस सिंह और न ही भाजपा की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई।
मायावती ने दिया बड़ा संकेत
उमाशंकर सिंह के निधन के बाद बसपा प्रमुख मायावती जब उनके परिवार से मिलने पहुंचीं तो उन्होंने प्रिंस सिंह को लेकर महत्वपूर्ण बयान दिया। मायावती ने कहा कि यदि परिवार चाहेगा तो वह प्रिंस सिंह को राजनीति में आगे बढ़ाने का पूरा सहयोग करेंगी।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि बसपा के मजबूत नेता रहे उमाशंकर सिंह की राजनीतिक विरासत अब उनके बेटे प्रिंस सिंह के हाथों में जा सकती है। हालांकि, अंतिम फैसला परिवार और पार्टी नेतृत्व की सहमति के बाद ही सामने आएगा।









