• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
Advertisement
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

नकलविहीन बोर्ड परीक्षा कराने के लिए योगी सरकार ने कक्ष निरीक्षकों को सौंपी जिम्मेदारी

Writer D by Writer D
28/01/2023
in उत्तर प्रदेश, लखनऊ, शिक्षा
0
Board Exams

Board Exams

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

लखनऊ। प्रदेश की योगी सरकार (Yogi Government) ने अपने कार्यकाल में बोर्ड परीक्षाओं में नकल पर पूरी तरह से नकेल कस दी है। फरवरी में शुरू हो रही आगामी बोर्ड परीक्षाओं (Board Exams) को भी नकलविहीन कराने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) ने माध्यमिक शिक्षा परिषद को हर जरूरी कदम उठाने के लिए कहा है। इसी क्रम में माध्यमिक शिक्षा परिषद की ओर से परीक्षाओं के दौरान कक्ष निरीक्षकों के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। इनमें कक्ष निरीक्षकों के चयन से लेकर उनके द्वारा किए जाने वाले कार्यों और उत्तरदायित्वों का पूरा लेखा-जोखा दिया गया है। इसमें कहा गया है कि प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर 50 प्रतिशत कक्ष निरीक्षक बाहरी रखे जाएंगे। साथ ही, जिस दिन जिस विषय की परीक्षा हो, उस सत्र में उस विषय के अध्यापक की ड्यूटी कक्ष निरीक्षक के रूप में नहीं लगाई जाएगी। यही नहीं, पुरुष कक्ष निरीक्षक द्वारा किसी भी बालिका परीक्षार्थी की तलाशी नहीं ली जाएगी और छात्रों की तरह कक्ष निरीक्षक भी परीक्षा के दौरान मोबाइल, कैलकुलेटर या ऐसे किसी अन्य इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस का उपयोग नहीं कर सकेंगे।

वरीयता के अनुसार नियुक्त किए जाएंगे कक्ष निरीक्षक

माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव दिव्यकांत शुक्ल के अनुसार प्रत्येक कक्ष में दो कक्ष निरीक्षक लगाए जाएंगे एवं पांच कक्षों के बीच एक अवमोचक की व्यवस्था रखी जाएगी। यदि एक कक्ष में 40 से ज्यादा छात्र परीक्षा दे रहे होंगे तो वहां तीन कक्ष निरीक्षक भी नियुक्त किए जा सकेंगे। केंद्र की आवश्यक्तानुसार कक्ष निरीक्षक उपलब्ध न होने पर वरीयताक्रम में पहले माध्यमिक विद्यालय के अध्यापकों को नियुक्त किया जाए।

अंत में प्राथमिक विद्यालयों के अध्यापकों को कक्ष निरीक्षक के रूप में नियुक्त किया जाए। जिन परीक्षा केंद्रों पर बालिकाओं की परीक्षा होगी वहां पर महिला कक्ष निरीक्षकों की नियुक्ति अनिवार्य रूप से की जाएगी। किसी भी अध्यापक को उसके निहित स्वार्थ के लिए उनके आवेदन के आधार पर किसी परीक्षा केंद्र विशेष पर नियुक्त नहीं किया जाएगा।

50 प्रतिशत कक्ष निरीक्षक होंगे बाहरी

परीक्षा केंद्र पर 50 प्रतिशत कक्ष निरीक्षक बाहरी रखे जाएंगे। इसी तरह ऐसे कक्ष निरीक्षक जिनके परिचित और रिश्तेदार जिस परीक्षा केंद्र पर परीक्षा दे रहे हैं वो उस केंद्र पर कक्ष निरीक्षण कार्य के लिए पात्र नहीं होंगे। परीक्षा केंद्रों से संबंधित विद्यालय के ऐसे अध्यापकों की सूची संबंधित प्राधानाचार्य या केंद्र व्यवस्थापक द्वारा तैयार कर जिला विद्यालय निरीक्षक को भेजी जाएगी।

यही नहीं, परीक्षाओं की शुचिता बनाए रखने के लिए निर्णय लिया गया है कि परिषद की हाईस्कूल व इंटरमीडिएट परीक्षाओं (Board Exams) में यह सुनिश्चित किया जाएगा कि परीक्षा केंद्रों पर उन विद्यालयों के शिक्षकों को नियुक्त न किया जाए जिन विद्यालयों के छात्र उस केंद्र पर परीक्षा दे रहे हों। इसी तरह एक ही प्रबंध तंत्र के अधीन निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर उसी प्रबंध तंत्र से संचालित विद्यालयों के अध्यापकों को निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर कक्ष निरीक्षक की ड्यूटी नहीं लगाई जाएगी।

प्रश्नपत्रों की गोपनीयता का रखना होगा ध्यान

कक्ष निरीक्षकों को उनके कार्यों की भी जिम्मेदारी दी गई है। इसके अनुसार प्रश्नपत्रों की गोपनीयता और सुरक्षा का पूरा ध्यान देना होगा। साथ ही यह भी देखना होगा कि परीक्षार्थी किसी भी नकल सामग्री, मोबाइल फोन, कैलकुलेटर या ऐसे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस लेकर परीक्षा कक्ष में प्रवेश ना कर पाएं। कक्ष निरीक्षक परीक्षा कक्ष में निरीक्षण कर सुनिश्चित करेंगे कि परीक्षार्थियों को लाभ पहुंचाने वाली कोई पाठ्य सामग्री, पोस्टर, चार्ट, ब्लैक बोर्ड पर लिखित निर्देश न हो।

CTET रिवाइज्ड एग्जाम एडमिट कार्ड जारी, ऐसे करें डाउनलोड

हाई स्कूल में पहली बार सभी विषयों में 20 अंकों के वस्तुनिष्ठ प्रश्नों की परीक्षा ओएमआर शीट पर आयोजित की जा रही है। कक्ष निरीक्षकों की जिम्मेदारी होगी कि समय के अंदर परीक्षार्थियों को उत्तरपुस्तिका के साथ ही ओएमआर शीट उपलब्ध कराएंगे। परीक्षा के दौरान यदि किसी परीक्षार्थी की तबीयत खराब होती है तो कक्ष निरीक्षक तत्काल केंद्र व्यवस्थापक को सूचित करेंगे तथा संबंधित परीक्षार्थी को प्राथमिक उपचार हेतु नजदीक के अस्पताल में भिजवाने में सहयोग करेंगे।

Tags: up board 2023up board guidelinesYogi Government
Previous Post

Pathan की बॉक्स ऑफिस पर दहाड़, 3 दिन में बॉक्स ऑफिस कलेक्शन 300 करोड़ के पार

Next Post

25 करोड़ जनआकांक्षा के अनुरूप होगा उप्र का नया बजट: सीएम योगी

Writer D

Writer D

Related Posts

उत्तर प्रदेश

आत्मनिर्भरता, नवाचार तथा विकास के नए प्रतिमान स्थापित कर रहा भारत: मुख्यमंत्री

25/10/2026
Main Slider

वाराणसी में पीएम का मेगा कार्यक्रम, ‘विंग्स ओवर गंगा’ में दिखेगा एयरफोर्स का शौर्य

25/10/2026
OTS
उत्तर प्रदेश

योगी सरकार की ओटीएस योजना को व्यापक जनसमर्थन, 1.71 लाख आवेदन मिले

24/10/2026
उत्तर प्रदेश

योगी सरकार की पहल: दिव्यांग बच्चों की शिक्षा को बेहतर बनाने के लिए शिक्षकों को दिया प्रशिक्षण

24/10/2026
उत्तर प्रदेश

CM योगी ने नमो घाट पर एयर शो की तैयारियों का लिया जायजा

24/10/2026
Next Post
cm yogi

25 करोड़ जनआकांक्षा के अनुरूप होगा उप्र का नया बजट: सीएम योगी

यह भी पढ़ें

Stole

चाकू की नोक पर बुजुर्ग दंपती से लूटपाट, जांच में जुटी पुलिस

18/06/2021
कुख्यात अपराधी तारबाबू यादव की संपत्ति कुर्क

देवरिया : पुलिस की बड़ी कार्रवाई, कुख्यात अपराधी तारबाबू यादव की एक करोड़ की संपत्ति कुर्क

31/08/2020
Corona

बेकाबू होता कोरोना! विश्व में सात दिन में 29 लाख से ज्यादा नए मरीज

03/01/2023
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version