• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

इस दिन मनाई जाएगी देव दीपावली, जानें शुभ मुहूर्त एवं पूजन विधि

Writer D by Writer D
14/11/2024
in Main Slider, धर्म, फैशन/शैली
0
Dev Deepawali

Dev Deepawali

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

कार्तिक महीना भगवान विष्णु को काफी प्रिय माना जाता है। ऐसे में जो लोग कार्तिक पूर्णिमा के दिन स्नान व दान करते हैं, उसे पूरे महीने की गई पूजा के बराबर पुण्य मिलता है। कार्तिक पूर्णिमा को देव दिवाली (Dev Deepawali) के नाम से भी जाना जाता है। कार्तिक पूर्णिमा को त्रिपुरी पूर्णिमा भी कहते हैं। ऐसी मान्यता है कि इस दिन भगवान शिव ने त्रिपुरासुर का वध किया था। इसके बाद देवताओं ने प्रसन्न होकर काशी में सैकड़ों दीए जलाए थे। तभी से इसे देव दिवाली (Dev Deepawali) के नाम से भी जाना जाता है।

देव दिवाली (Dev Deepawali) डेट – इस बार कार्तिक पूर्णिमा 15 नवंबर, शुक्रवार को है।

प्रदोष काल देव दिवाली (Dev Deepawali)  मुहूर्त –

05:10 पी एम से 07:47 पी एम

अवधि – 02 घण्टे 37 मिनट्स

पूजा-विधि:

– इस पावन दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान कर लें। इस दिन पवित्र नदियों में स्नान करने का बहुत अधिक महत्व होता है। – आप नहाने के पानी में गंगा जल डालकर स्नान भी कर सकते हैं। नहाते समय सभी पावन नदियों का ध्यान कर लें।
– नहाने के बाद घर के मंदिर में दीप प्रज्वलित करें।
– अगर संभव हो तो इस दिन व्रत भी रखें।
– सभी देवी- देवताओं का गंगा जल से अभिषेक करें।
– पूर्णिमा के पावन दिन भगवान विष्णु की पूजा-अर्चना का विशेष महत्व होता है।
– इस दिन विष्णु भगवान के साथ माता लक्ष्मी की पूजा- अर्चना भी करें।
– भगवान विष्णु को भोग लगाएं। भगवान विष्णु के भोग में तुलसी को भी शामिल करें। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार तुलसी के बिना भगवान विष्णु भोग स्वीकार नहीं करते हैं। इस बात का ध्यान रखें कि भगवान को सिर्फ सात्विक चीजों का भोग लगाया जाता है।
– भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की आरती करें।
– इस पावन दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी का अधिक से अधिक ध्यान करें।
– पूर्णिमा पर चंद्रमा की पूजा का भी विशेष महत्व होता है।
– चंद्रोदय होनेके बाद चंद्रमा की पूजा अवश्य करें।
– चंद्रमा को अर्घ्य देने से दोषों से मुक्ति मिलती है।
– इस दिन जरूरतमंद लोगों की मदद करें।
– अगर आपके घर के आसपास गाय है तो गाय को भोजन जरूर कराएं। गाय को भोजन कराने से कई तरह के दोषों से मुक्ति मिल जाती है।

Tags: dev deepawaliDev Deepawali 2024dev deepawali dateDev Deepawali muhurat
Previous Post

अब घुइयां छीलते समय नहीं होगी हाथों में खुजली, ट्राई करें ये टिप्स

Next Post

कार्तिक पूर्णिमा के दिन इस मुहूर्त में करें स्नान-दान, जानें महत्व व उपाय

Writer D

Writer D

Related Posts

CM Yogi
Main Slider

जनता का पैसा जनहित में ही खर्च होगाः सीएम योगी

26/05/2026
Nautapa
Main Slider

नौतपा में करें ये अचूक उपाय, पैसों से भर जाएगा घर

26/05/2026
Kesahv Prasad Maurya
Main Slider

2047 तक ‘वनवास’ पर रहेगा विपक्ष, कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों का एनकाउंटर जारी रहेगा: डिप्टी सीएम

26/05/2026
Harmanpreet Kaur
Main Slider

हरमनप्रीत कौर को पद्म श्री सम्मान, इंग्लैंड तक दिखा जश्न

26/05/2026
Divyanka Tripathi gave birth to twins
Main Slider

‘इशिता भल्ला’ के घर आए ‘करण-अर्जुन’, दिव्यांका त्रिपाठी ने दिया जुड़वां बच्चों को जन्म

26/05/2026
Next Post
Chaitra Purnima

कार्तिक पूर्णिमा के दिन इस मुहूर्त में करें स्नान-दान, जानें महत्व व उपाय

यह भी पढ़ें

Swastika

घर के दरवाजे पर स्वास्तिक बनाने से दूर हो जाएंगे वास्तु दोष

12/06/2023
kc venugopal

केसी वेणुगोपाल ने कोविड संक्रमित पत्रकार को लेकर योगी को लिखा पत्र

26/04/2021
World No Tobacco Day 2021

तंबाकू का उपभोग करने वालों में कोरोना संक्रमण का खतरा अधिक : डॉ सिंघल

30/05/2021
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version