• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

बिजली विभाग का निजीकरण टला, हड़ताल खत्म कर काम पर लौटे कर्मचारी

Desk by Desk
06/10/2020
in Main Slider, उत्तर प्रदेश, लखनऊ
0
14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

लखनऊ। निजीकरण के विरोध में बिजली कर्मचारियों की हड़ताल से यूपी के तमाम शहरों में हाहाकार मच गया है। कार्य बहिष्‍कार के दूसरे दिन बद से बदतर हुए हालात के मद्देनज़र यूपी सरकार ने निजीकरण का फैसला फिलहाल तीन महीने के लिए टाल दिया है। इसके साथ ही कर्मचारियोंं ने अपनी हड़ताल खत्‍‍म कर दी। कहा जा रहा है कि अब इन तीन महीनोंं कोई न कोई समाधान खोज लिया जाएगा।

बताया जा रहा है कि सरकार और बिजली कर्मचारी संयुक्‍त परिषद के बीच पांच बिंदुओं पर सहमति बनी है। तय हुआ है कि फिलहाल बिजली विभाग का निजीकरण नहीं होगा। यदि कभी निजीकरण हुआ तो पहले बिजली विभाग के इंजीनियरों और कर्मचारियों की सहमति ली जाएगी। इसके अलावा अगले 15 जनवरी 2021 तक लगातार समीक्षा होगी।

इसके साथ ही विभाग में भ्रष्‍टाचार खत्‍म करने, राजस्‍व वसूली बढ़ाने और बिलिंग सिस्‍टम को दुरुस्‍त करने में भी बिजली कर्मचारी संयुक्‍त परिषद अपनी भूमिका निभाएगा। इस बिंदुओं पर सहमति बनने के बाद बिजली कर्मचारी संयुक्‍त परिषद ने हड़ताल खत्‍म की घोषणा की। इसके बाद सभी कर्मचारी काम पर लौट गए।

मांकडिंग पर अश्विन ने कहा- अगली बार हुआ तो मुझे मत कहना

निजीकरण के खिलाफ बिजली कर्मचारियों द्वारा कार्य बहिष्‍कार का आज दूसरा दिन था। बिजली कर्मचारियों ने सरकार को अनिश्चितकालीन हड़ताल और जेल भरो आंदोलन की चेतावनी भी दी थी। बताया जा रहा है कि सोमवार को ही ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा की ओर से समझौते का प्रस्ताव रखा गया था लेकिन यूपीपीसीएल के चेयरमैन ने समझौता पत्र पर हस्ताक्षर इनकार कर दिया था।

निजीकरण के फैसले का विरोध कर रहे कर्मचारियों ने सरकार से कहा था कि अगर उनकी मांगे न मानी गईं तो वे अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। कर्मचारियों का आंदोलन जैसे जैसे आगे बढ़ता जा रहा था, आम जनता की मुश्किलें बढ़ती जा रही थीं। माना जा रहा है कि सरकार ने इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुये ये फैसला लिया है।

 लाखों उपभोक्‍ताओं ने ली राहत की सांस

बिजली कर्मचारियों की हड़ताल से उत्‍तर प्रदेश के तमाम शहरों में हाहाहार मच गया था। हड़ताल वापस होने की सूचना ने उन्‍हें बड़ी राहत दी है। बिजलीकर्मियों के कार्य बहिष्कार के कारण सोमवार को डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या, ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा सहित तीन दर्जन से अधिक मंत्रियों और करीब 150 विधायक, विधान परिषद सदस्यों के सरकारी आवास सहित राजधानी की बिजली सप्लाई ठप हो गई थी।

वीवीआईपी इलाकों में बिजली गुल होने से पावर कॉरपोरेशन प्रबंधन से लेकर शासन स्तर तक हड़कंप मच गया, लेकिन बिजली अभियंताओं ने विद्युत आपूर्ति बहाल करने से मना कर दिया। आनन-फानन मध्यांचल निगम के एमडी सूर्यपाल गंगवार ने निदेशक (तकनीकी) सुधीर कुमार को कूपर रोड उपकेंद्र भेजा। करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद वैकल्पिक स्त्रोत से बिजली सप्लाई बहाल हुई।

लेसा के राजभवन डिवीजन के अंतर्गत कूपर रोड उपकेंद्र में सुबह करीब 11 बजे बिजली सप्लाई ठप हो गई। इससे विक्रमादित्य मार्ग, माल एवेन्यू, गुलिस्तां कॉलोनी, महिला विधायक आवास, पीडब्ल्यूडी कॉलोनी सहित कई वीआईपी इलाकों की बिजली सप्लाई ठप हो गई। इससे डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या, ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा, स्वामी प्रसाद मौर्या, मोहसिन रजा, मुकुट बिहारी वर्मा, अनिल राजभर सहित तीन दर्जन से अधिक मंत्रियों के सरकारी आवास की बिजली गुल हो गई।

इसके अलावा 150 से अधिक विधायक, विधान परिषद सदस्य, पूर्व मंत्री, न्यायाधीश व राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों को भी बगैर बिजली के रहना पड़ा। साथ ही मुख्यमंत्री कंट्रोल रूम, समाजवादी पार्टी कार्यालय, कांग्रेस मुख्यालय, वीआईपी गेस्ट हाउस में बिजली सप्लाई न होने से काफी दिक्कत हुई।

बिजली गुल होते ही अभियंताओं ने फोन नहीं उठाए

बिजली गुल होते ही मंत्रियों और विधायक आवास से उपकेंद्र पर फोन आने लगे, लेकिन किसी कर्मचारी ने नहीं उठाया, इससे परेशान लोगों ने अवर अभियंता, एसडीओ और अधिशासी अभियंता से सम्पर्क साधा, लेकिन सभी ने कार्य बहिष्कार का हवाला देकर बिजली फाल्ट ठीक करने से मना कर दिया। इससे पावर कॉरपोरेशन प्रबंधन में हड़कंप मच गया।

आनन-फानन में मध्यांचल निगम के निदेशक (तकनीकी) सुधीर कुमार उपकेंद्र पहुंचे। जिसके बाद उन्होंने करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद बिजली सप्लाई बहाल की। वहीं गोमतीनगर, इंदिरानगर, विकासनगर, आलमबाग, जानकीपुरम, फैजुल्लागंज सहित राजधानी के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित रही।

प्रबंध निदेशक, मध्यांचल निगम सूर्यपाल गंगवार ने कहा कि गोमतीनगर ट्रांसमिशन से कूपर रोड उपकेंद्र को आने वाली विद्युत लाइन ब्रेकडाउन हो गई थी। इससे कई मंत्रियों, विधायकों सहित कई जनप्रतिनिधियों की बिजली सप्लाई बाधित हुई थी। जिसके बाद निदेशक (तकनीकी) को उपकेंद्र भेजकर वैकल्पिक स्त्रोत से बिजली सप्लाई चालू कराई।

Tags: cm yogicompromise on electric privatizationelectric employeesElectricity employees strike endselectricity privatization postponed in uttar pradeshhindi newsnews in hindipower corporationनहीं होगा बिजली विभाग का निजीकरणपांच बिंदुओं पर बिजली कर्मचारियों और सरकार केे बीच बनी सहमतबिजली कर्मचारियों की हड़ताल खत्‍मबिजली निजीकरण टलाबिजली मंत्रीयूपी सरकारीश्रीकांत शर्मासीएम योगी
Previous Post

मांकडिंग पर अश्विन ने कहा- अगली बार हुआ तो मुझे मत कहना

Next Post

राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ सुरेश रैना का रिकॉर्ड तोड़ सकते हैं रोहित शर्मा

Desk

Desk

Related Posts

'Himala water' will be available in the market from August 15
Main Slider

UCF की नई पहल, 15 अगस्त से बाजार में उतरेगा ‘हिमाला जल’

15/07/2026
Nandini Yojana changed the life of Shakuntala Devi
उत्तर प्रदेश

मोदी-योगी सरकार की नंदनी योजना बनी वरदान, प्रयागराज की शकुंतला देवी हुईं आत्मनिर्भर

15/07/2026
Anand Bardhan
Main Slider

उत्तराखंड में हवाई कनेक्टिविटी को मिलेगा बड़ा विस्तार

15/07/2026
Preparations to hold simultaneous Lok Sabha and Assembly elections in 2029 intensified: PP Choudhary
Main Slider

2029 में लोकसभा व विधानसभा चुनाव साथ कराने की तैयारी तेज: पीपी चौधरी

15/07/2026
43.218 km long Varuna Elevated Corridor will be constructed
Main Slider

वरुणा एलिवेटेड कॉरिडोर: वाराणसी को मिलेगी 43 किमी लंबी नई शहरी यातायात व्यवस्था

15/07/2026
Next Post
suresh-rohit

राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ सुरेश रैना का रिकॉर्ड तोड़ सकते हैं रोहित शर्मा

यह भी पढ़ें

Earthquake

पिथौरागढ़ में कांपी धरती, रिक्टर स्केल पर इतनी रही भूकंप की तीव्रता

22/01/2023
arrested

अष्टधातु की कीमती मूर्ति बताकर ठगी करने वाले सरगना समेत दो गिरफ्तार

07/02/2021
संवैधानिक मर्यादा का है अंकुश

हमारी स्वतंत्रता पर लोकतांत्रिक और संवैधानिक मर्यादा का है अंकुश

05/02/2021
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version