लखनऊ: मजदूर हितों और घरेलू कामगार महिलाओं की मांगों को लेकर समाजवादी मजदूर सभा के कार्यकर्ताओं ने राजधानी में प्रदर्शन किया। दारुलशफा से जनभवन की ओर बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने आरएलडी कार्यालय के पास रोक दिया। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की और नोकझोंक की स्थिति बन गई।
प्रदर्शनकारी हाथों में पोस्टर और तख्तियां लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे। महिला कार्यकर्ताओं ने चम्मच से थाली बजाकर विरोध जताया। उन्होंने “मजदूर विरोधी सरकार मुर्दाबाद” के नारे लगाए।
घरेलू कामगारों के लिए अलग बोर्ड की मांग
प्रदर्शनकारियों ने घरेलू कामगार महिलाओं के लिए अलग कल्याण बोर्ड गठित करने की मांग की। उनका कहना था कि घरेलू कामगार महिलाएं लंबे समय से शोषण, सामाजिक सुरक्षा और अधिकारों से जुड़े मुद्दों का सामना कर रही हैं।
कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि सरकार मजदूरों और घरेलू कामगारों की समस्याओं की अनदेखी कर रही है। उन्होंने मांग की कि घरेलू कामगार महिलाओं के लिए सामाजिक सुरक्षा और कल्याण से जुड़ी प्रभावी व्यवस्था लागू की जाए।
20 मिनट तक पुलिस से तकरार
जनभवन की ओर जाने से रोके जाने के बाद कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच करीब 20 मिनट तक बहस होती रही। प्रदर्शनकारी आगे बढ़ने की कोशिश करते रहे, जबकि पुलिस उन्हें रोकती रही।
बाद में पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर इको गार्डन भेज दिया। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर बदसलूकी का आरोप लगाया, जबकि पुलिस ने उन्हें आगे जाने से रोक दिया।







